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  • Vetaal Pachchisi (Hindi Stories)

    वेताल पच्चीसी

    ये पच्चीस कथायें राजा विक्रमादित्य की न्याय-शक्ति का बोध कराती हैं। राजा को वेताल प्रतिदिन एक कहानी सुनाता है और अन्त में ऐसा प्रश्न कर देता है कि राजा को उसका उत्तर देना ही पड़ता है। उसने शर्त लगा रखी है कि अगर राजा बोलेगा तो वह उससे रूठकर फिर से पेड़ पर जा लटकेगा। लेकिन यह जानते हुए भी सवाल सामने आने पर राजा से चुप नहीं रहा जाता। ... Leer más

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  • Sambhavami Yuge Yuge-2 (Hindi Novel)

    सम्भवामि युगे युगे-2

    Series Libro 3 - Mahabharat Katha
    पांडवों के खांडव क्षेत्र में चले जाने के पश्चात् मुझको धृतराष्ट्र का निमंत्रण मिला। मैं वहां गया तो महाराज के पास दुर्योधन, दुःशासन और कर्ण बैठे हुए थे। मैंने प्रणाम किया तो महाराज धृतराष्ट्र ने बैठने का आदेश दे दिया। मेरे बैठने पर दुर्योधन ने मुझको सम्बोधन करके कहा, ‘‘तात्! हमको ज्ञात हुआ है कि आपकी पाठशाला बंद हो गयी है।’’ ‘‘हां महाराज!’’ ‘‘हमें यह भी पता चला है कि आपने श्रीकान्त और शकुन्तला से ... Leer más

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  • Urmila (Hindi Epic)

    उर्मिला (खण्ड-काव्य)

    लक्ष्मण की पत्नी उर्मिला के विरह वेदना का काव्यात्मक वर्णन इस पुस्तक में मैथिलीशरण जी ने किया है ... Leer más

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  • Kati Patang (Hindi Novel)

    कटी पतंग

    कटी पतंग' बड़ी ही विचित्र और नाजुक परिस्थितियों में घिरी एक सुन्दर युवती की कहानी है, जिसके बारे में स्वयं लेखक का कहना है कि इसे एक बार शुरू करके आप समाप्त किये बिना नहीं रह सकते! इसी उपन्यास पर मशहूर हिन्दी फिल्म 'कटी पतंग' बनी है। ... Leer más

    $4.99 USD

  • Panigrahan (Hindi Novel)

    पाणिग्रहण

    संस्कारों से सनातन धर्मानुयायी और शिक्षा-दीक्षा तथा संगत के प्रभाव के कारण प्रतीची विचारों से प्रभावित इन्द्रनारायण तिवारी की मानसिक अवस्था एक समस्या बनी रहती थी। इन्द्रनारायण के पिता रामाधार तिवारी जिला उन्नाव के एक छोटे से गाँव दुरैया में पुरोहिताई करते थे। दुर्गा, चंडी-पाठ, भागवत-पारायण, रामायणादि की कथा तो पुरोहितजी का व्यवसाय था। इसके अतिरिक्त घर पर भी पूजा पाठ होता रहता था। पुरोहितजी के घर क ... Leer más

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  • Dehati Samaj

    देहाती समाज

    बाँग्ला के अमर कथाशिल्पी शरतचन्द्र चट्टोपाध्याय प्रायः सभी भारतीय भाषाओं में पढ़े जाने वाले शीर्षस्थ उपन्यासकार हैं। उनके कथा-साहित्य की प्रस्तुति जिस स्वरूप में भी हुई, लोकप्रियता के तत्त्व ने उनके पाठकीय आस्वाद में वृद्धि ही की। सम्भवतः वह अकेले ऐसे भारतीय कथाकार भी हैं, जिनकी अधिकांश कालजयी कृतियों पर फिल्में भी बनीं तथा अनेक धारावाहिक सीरियल भी। अपने विपुल लेखन के माध्यम से शरत् बाबू ने मनुष्य ... Leer más

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  • Meri Kahaniyan-Mannu Bhandari

    मेरी कहानियाँ-मन्नू भंडारी

    हिन्दी के कहानी लेखकों में मन्नू भंडारी का अग्रणी स्थान है। उनकी कहानियों में नारी-जीवन के उन अन्तरंग अनुभवों को विशेष रूप से अभिव्यक्ति दी गई है जो उनके नितांत अपने हैं और पुरुष कहानीकारों की रचनाओं में प्रायः नहीं मिलते। वैसे मन्नू भंडारी ने अपने अन्य समकालीन समर्थ लेखकों की तरह ही लगभग सभी पहलुओं पर सशक्त कहानियां लिखी हैं ... Leer más

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  • Premchand Ki Kahaniyan-16

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    मुंशी प्रेमचन्द एक व्यक्ति तो थे ही, एक समाज भी थे, एक देश भी थे। व्यक्ति समाज और देश तीनों उनके हृदय में थे। उन्होंने बड़ी गहराई के साथ तीनों की समस्याओं का अध्ययन किया था। प्रेमचन्द हर व्यक्ति की, पूरे समाज की और देश की समस्याओं को सुलझाना चाहते थे, पर हिंसा से नहीं, विद्रोह से नहीं, अशक्ति से नहीं और अनेकता से भी नहीं। वे समस्या को सुलझाना चाहते थे प्रेम से, अहिंसा से, शान्ति से, सौहार्द से, ... Leer más

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  • Premchand Ki Kahaniyan-42

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    मुंशी प्रेमचन्द एक व्यक्ति तो थे ही, एक समाज भी थे, एक देश भी थे। व्यक्ति समाज और देश तीनों उनके हृदय में थे। उन्होंने बड़ी गहराई के साथ तीनों की समस्याओं का अध्ययन किया था। प्रेमचन्द हर व्यक्ति की, पूरे समाज की और देश की समस्याओं को सुलझाना चाहते थे, पर हिंसा से नहीं, विद्रोह से नहीं, अशक्ति से नहीं और अनेकता से भी नहीं। वे समस्या को सुलझाना चाहते थे प्रेम से, अहिंसा से, शान्ति से, सौहार्द से, ... Leer más

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    Series Libro 39 - Premchand Stories
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    Series Libro 36 - Premchand Stories
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